tag:blogger.com,1999:blog-8397064.post-1103191641224580652004-12-16T13:06:00.000+03:002004-12-16T13:07:21.223+03:00बात निकलेगी तो फिर.....बात निकलेगी तो फिर दूर तलक जाएगी लोग बेवजह उदासी का सबब पूछेंगे ये भी पूछेंगे कि तुम इतनी परेशां क्यूं हो उगलियां उठेंगी सुखे हुए बालों की तरफ इक नज़र देखेंगे गुज़रे हुए सालों की तरफ चूड़ियों पर भी कई तन्ज़ किये जायेंगे कांपते हाथों पे भी फिकरे कसे जायेंगे लोग ज़ालिम हैं हर इक बात का ताना देंगे बातों बातों मे मेरा ज़िक्र भी ले आयेंगे उनकी बातों का ज़रा सा भी असर मत लेना वर्ना चेहरे केJitendra Chaudharyhttp://www.blogger.com/profile/09573786385391773022noreply@blogger.com